वक्त का पहिया


Source - TreeHugger
किसी का इंतज़ार नहीं किसी पर ऐतबार नहीं,
वक़्त का पहिया बस चलता है चलता रहता है |
 
किसी की मेहनत पर रोक लगाता है कभी ,
तो अनजाने में किसी की तकदीर महका देता है,
सपने अतरंगी देखते हैं लोग बस चलते रहते है,
बदल जाता है कभी किसी की जिंदगानियां भी,
समझाने हर किसी को सबक भीं दे जाता है |
वक़्त का पहिया .........
 
मेहरबान हो जाता है यह बरसों में कभी किसी पर ,
बना जाता है फिर शक्स को वो मुकद्दर का सिकंद्दर,
रंगीन हो जाती है ज़िन्दगी जो वक़्त से जुडा होता है,
बंज़र हो जाते हैं बगीचे गर वक़्त जो खफा होता है,
मुझ पर भी है मेहर शायद खुदा के साये सा चलता है |
वक़्त का पहिया ........
 
                                               .....कमलेश.....

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